
मुख्य निर्णय और प्रस्ताव:
1. स्वागत बोर्ड और आवासीय योजनाएं:
बैठक में मालरोड के दोनों बैरियर पर स्वागत बोर्ड लगाने का प्रस्ताव पास किया गया। इसके अलावा, शिफन कोर्ट में बेघर मजदूरों के लिए आईडीएच (इंटरनल डेवेलपमेंट हाउसिंग) में आवास बनाने की योजना भी स्वीकृत की गई। इसके साथ ही, सेंटमेरी अस्पताल को पब्लिक प्राइवेट पार्टनरशिप (PPP) मोड पर चलाने और पुराने सेंटमेरी अस्पताल भवन में नर्सिंग कॉलेज खोलने के प्रस्ताव पर भी चर्चा की गई।
2. पर्यटन शुल्क और संपत्ति नीतियां:
मसूरी झील, रेंजर झूला, म्यूजियम कैफेटेरिया, जवाइर एक्वेरियम और लाइब्रेरी गाड़ी खाना पार्किंग के लिए लंबे समय तक लीज पर दी गई संपत्तियों को निरस्त करने का निर्णय लिया गया। इसके अलावा, पर्यावरण मित्रों को मासिक मानदेय देने का प्रस्ताव भी पास किया गया।
3. रिक्शा चालकों और महिला वेंडरों के लिए योजनाएं:
बोर्ड ने 121 रिक्शा चालकों में से 14 को गोल्फ कार्ट देने का निर्णय लिया। बाकी रिक्शा चालकों को पार्किंग में विस्थापित किया जाएगा। इसके साथ ही, 12 विधवा महिलाओं को वेंडर जोन में स्थानांतरित करने का प्रस्ताव भी पारित किया गया, जबकि कुछ महिलाओं को मुआवजा देने का निर्णय लिया गया।
4. पालिका की संपत्तियों पर निर्णय:
बोर्ड ने मसूरी नगर पालिका की संपत्तियों पर किराए में वृद्धि करने का निर्णय लिया। आवासीय संपत्तियों पर पांच प्रतिशत और व्यावसायिक संपत्तियों पर 20 प्रतिशत किराया बढ़ाया जाएगा। वहीं, जिन दुकानदारों ने पालिका की दुकानों को सब लैंडिंग पर ले रखा है, उन्हें वापस लेने का फैसला किया गया।
5. सार्वजनिक सेवाएं और स्वास्थ्य:
बैठक में शहर के सार्वजनिक शौचालयों के जीर्णोद्धार और संपर्क मार्गों के निर्माण के प्रस्तावों पर भी चर्चा की गई। इसके अलावा, सेंटमेरी अस्पताल में नर्सिंग कॉलेज खोलने के लिए विभागीय स्तर पर कार्रवाई करने की योजना बनाई गई।
6. गोल्फ कार्ट और पार्किंग व्यवस्था:
गोल्फ कार्ट संचालन के लिए नए स्थानों की पहचान की जाएगी। इसके तहत 14 गोल्फ कार्ट को मजदूर संघ को दी जाएगी, और बाकी रिक्शा चालकों को पार्किंग में विस्थापित किया जाएगा। बोर्ड ने यह निर्णय भी लिया कि प्राइवेट गोल्फ कार्ट का संचालन 50 प्रतिशत हिस्सेदारी के साथ किया जाएगा।
7. विधवाओं और अतिक्रमण पर निर्णय:
12 विधवा महिलाओं को वेंडर जोन में विस्थापित करने के साथ-साथ मुआवजा देने का प्रस्ताव भी पास किया गया। बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि जिन दुकानों पर अवैध कब्जा किया गया है, उन्हें खाली कराकर उन स्थानों पर नए निर्माण किए जाएंगे।
पालीकाध्यक्ष मीरा सकलानी का वक्तव्य:
पालिका अध्यक्ष मीरा सकलानी ने बैठक में लिए गए निर्णयों पर अपने विचार व्यक्त किए और कहा कि बोर्ड के नए सदस्य अत्यधिक जागरूक हैं और हर प्रस्ताव पर गहरी चर्चा की गई। उन्होंने कहा कि कई प्रस्तावों को इसलिए निरस्त किया गया, क्योंकि उनमें सभी पक्षों की सहमति नहीं बन पाई थी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि मसूरी नगर पालिका के संपत्ति मामलों पर ध्यान केंद्रित किया जाएगा और हर प्रस्ताव पर पारदर्शिता से काम किया जाएगा।
अधिकारियों और सदस्यों की उपस्थिति:
बैठक में पालिका के विभिन्न अधिकारी और सभासद भी उपस्थित थे, जिनमें अधिशासी अधिकारी तनमीत सिंह मारवाह, कार्यालय अधीक्षक चंद्र प्रकाश बडोनी, सभासद गौरी थपलियाल, शिवानी भारती, बबीता मल्ल, विशाल खरोला, और अन्य प्रतिनिधि शामिल थे। बैठक में विधायक गणेश जोशी के प्रतिनिधि मोहन पेटवाल और अन्य अधिकारियों की भी उपस्थिति रही।
इस बैठक में लिए गए फैसले मसूरी के विकास के लिए महत्वपूर्ण कदम साबित होंगे और शहर की आधारभूत सुविधाओं को बेहतर बनाने के लिए ठोस कदम उठाए जाएंगे।